वर्ल्ड फूड इण्डिया से राजस्थान को निवेश की उम्मीदें, 3 नवंबर से आगाज

वर्ल्ड फूड इण्डिया से राजस्थान को निवेश की उम्मीदें, 3 नवंबर से आगाज

राजस्थान एमएसएमई के प्रमुख शासन सचिव डॉ. सुबोध अग्रवाल ने कहा है कि दिल्ली में आयोजित वर्ल्ड फूड इण्डिया, 2017 में राजस्थान पेवेलियन को प्रदेश में खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में निवश आकर्षण का प्रमुख केन्द्र बनाया जाएगा. उन्होंने कहा कि राजस्थान में खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में निवेश के लिए उद्यमियों द्वारा रुचि भी दिखाई जाने लगी है.

डॉ. अग्रवाल मंगलवार को यहांउद्योग भवन में आयुक्त कुंजी लाल मीणा के साथ संबंध विभागों व संस्थाओं के प्रतिनिधियों से तैयारियों की समीक्षा कर रहे थे. उन्होंने कहा कि 3 से 5 नवंबर तक नई दिल्ली में आयोजित वर्ल्ड फूड इण्डिया, 2017 का राजस्थान पार्टनर स्टेट है. उन्होंने बताया कि प्रदेश में खाद्य प्रसंस्करण, कोल्ड स्टोरेज और भण्डारण के क्षेत्र में राजस्थान में उद्योग लगाने के लिए निवेशकों के प्रस्ताव प्राप्त हो रहे हैं और वर्ल्ड फूड इण्डिया के दौरान राजस्थान में उद्योग लगाने वाले उद्यमियों से एमओयू भी किए जाएंगे.

आयुक्त उद्योग कुंजी लाल मीणा ने बताया कि राजस्थान कृषि जिंसो खासतौर से ग्वार, मसालों में धनिया, मिर्च, जीरा, मैथी, ईसबगोल आदि के साथ ही किन्नू, संतरा, सरसों-सोयाबीन के उत्पादन में देश मेंअग्रणीप्रदेश है. उन्होंने कहा कि इसके साथ ही पशुपालन व डेयरी क्षेत्र में भी प्रसंस्करण इकाइयों की स्थापना की विपुल संभावनाएं हैं.

मीणा ने कहा कि राजस्थान के पेवेलियन में राजस्थान की जिंसों, मसालों, बागवानी, डेयरी आदि के उत्पादन में राजस्थान की भागीदारी को परंपरागत, सशक्त व प्रभावी तरीके से प्रस्तुत किया जाएगा ताकि उद्यमी राजस्थान की कृृषि व संवद्ध संपदा से अवगत हो सके और प्रदेश में निवेश की पहल कर सके.

बैठक में बीआईपी आयुक्त टीना कुमार थीम पेवेलियन की तैयारियों की जानकारी दी. सीआईआई के नितिन गुप्ता और उद्योग विभाग के अतिरिक्त निदेशक एलसी जैन ने अब तक की तैयारियों की विस्तार से जानकारी दी. बैठक मेें अतिरिक्त निदेशक पीके जैन, संयुक्त निदेशक एसएस शाह, पीआर शर्मा, निधी शर्मा, सीआईआई, कृृषि, बीआईपी, रीको, पशुपालन, डेयरी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने हिस्सा लिया.